Responsive Menu
Add more content here...
October 7, 2026
ब्रेकिंग न्यूज

Sign in

Sign up

  • Home
  • पूर्वांचल न्यूज
  • यूपी में मानसून : वापसी में सूखे के हालात के बीच झूम के बरस रहे है बादल, मौसम खुशगवार

यूपी में मानसून : वापसी में सूखे के हालात के बीच झूम के बरस रहे है बादल, मौसम खुशगवार

By Shakti Prakash Shrivastva on September 15, 2022
0 568 Views

शक्ति प्रकाश श्रीवास्तव

उत्तर प्रदेश में मानसून को लेकर हालात बहुत खराब हैं। मानसून के खराब रुख के कारण सूबे के किसान खासे परेशान हैं। सैकड़ों एकड़ खेत में धान की फसल पानी के अभाव में खराब हो गए। जगह-जगह खेतों में सूखे की वजह से दरारें पड़ गई। मायूस किसान को प्रकृति से मिले इस धोखे से अब सरकार का भरोसा है। प्रदेश की योगी सरकार ने समय रहते इसका आकलन भी करवा लिया। लेकिन आकलन को जमीनी सच्चाई वाला न मानते हुए मुख्यमंत्री ने इसका दुबारा सर्वे करने का आदेश दिया। इस क्रम में प्रदेश के कृषिमंत्री सूर्यप्रताप शाही सहित जिम्मेदार मंत्री व अधिकारी जमीनी विश्लेषण करने में लगे हैं। हालात को देखते हुए फसलों के संरक्षण मद में कृषिमंत्री ने कृषि अवसंरचना मद से 320 करोड़ रुपया भी अवमुक्त कर दिया है। मानसून की बात करें तो इस साल आठ जुलाई की सामान्य तिथि से छह दिन पहले ही दक्षिण-पश्चिम मानसून पूरे देश में अपनी दस्तक दे चुका था। लेकिन बाद में अपेक्षा के अनुरूप बारिश नही हो सकी। जून माह में औसत से आठ फीसदी कम बारिश हुई। जुलाई-अगस्त में भी उम्मीद की मुताबिक बारिश नही हुई। इससे खरीफ के फसल की बुआई प्रभावित हुई। इसको लेकर परंपरागत खेती करने वाला किसान खासा चिंतित है। इस वर्ष अभी एक जुलाई तक बुवाई में पिछले साल के मुकाबले करीब 15.70 लाख हेक्टेयर यानी करीब 5.33 फीसदी की कमी आई है। इससे गेहूं की कम पैदावार की मार झेल रहे देश पर खरीफ फसलों की कम बुवाई का खतरा भी मंडराने लगा है, क्योंकि पिछले साल इसी समय हुई 294.42 लाख हेक्टेयर की बुवाई के मुकाबले इस साल एक जुलाई तक 278.72 लाख हेक्टेयर में खरीफ फसलों की ही बुवाई हो पाई है। पंजाब, उत्तराखंड की तराई के इलाके और पश्चिम उत्तर प्रदेश का किसान अभी भी अच्छी और लगातार बारिश की बाट जोह रहे हैं। जून की सामान्य से कम बारिश की वजह से धान, ज्वार, रागी मक्का, मूंगफली और रामतिल की बुवाई पर व्यापक असर दिख रहा है। केंद्रीय कृषि मंत्रालय के आंकड़ों के मुताबिक पिछले साल के 12.27 लाख हेक्टेयर के मुकाबले अभी तक 10.57 लाख हेक्टेयर में अरहर की बुवाई हुई है। अब जबकि मानसून की विदाई का वक्त है ऐसे में मंगलवार से बारिश का सिलसिला जो शुरू हुआ वो थमने का नाम ही नहीं ले रहा है। बुधवार और गुरुवार की शुरुआत गोरखपुर और आसपास के इलाके में झमाझम बरसात से हुई। इसका असर तापमान पर पड़ा और अधिकतम पारा 4.6 डिग्री लुढ़क गया। मौसम विभाग की मुताबिक बारिश का यह सिलसिला 18 सितंबर तक चल सकता है। बुधवार को दिन का पारा 26.7 डिग्री रहा, जो सामान्य से 6.2 डिग्री कम था। मौसम विभाग के मुताबिक, प्रदेश के कई इलाकों में भारी बरसात के आसार बने हुए हैं। गरज-चमक का दौर बना रहेगा। मौसम के बदले मिजाज से उमस भरी गर्मी झेल रहे लोगों को राहत मिली है।

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *