शक्ति प्रकाश श्रीवास्तव अपनी स्थापना के समय से ही समाजवादी पार्टी की छवि कुछ ऐसी रही है कि लोग मानते हैं कि सपा मुस्लिम तुष्टीकरण की नीति की पक्षधर है। क्योंकि सपा की सरकार होने पर इनके ऊपर इस कुनबा विशेष को अधिक हिस्सेदारी देने का आरोप लगता है और चुनावों में हो तो अधिक […]
और पढे..शक्ति प्रकाश श्रीवास्तव अयोध्या में लगभग […]
और पढे..शक्ति प्रकाश श्रीवास्तव प्रयागराज महानगर का चकिया मुहल्ला कभी सर्वाधिक सुर्खियों में रहने वाला मुहल्ला हुआ करता था। क्योंकि इसी मुहल्ले में प्रयागराज और आसपास के जिले का सर्वाधिक चर्चित माफिया डान अतीक अहमद और उसका सगा छोटा भाई माफिया अशरफ रहा करते थे। दोनों इस इलाके के ऐसे बाहुबली थे जिसके दरबार में बहुत […]
और पढे..शक्ति प्रकाश श्रीवास्तव नुसरत फतह अली खान ने दशकों पहले एक गीत गया था जिसके बोल थे पल भर में कैसे बदलते हैं रिश्ते अब तो हर अपना बेग़ाना लगता है….आज यह गाना पीलीभीत से बीजेपी के निवर्तमान सांसद वरुण गांधी की स्थिति पर सटीक लगता है। पहले के चुनावों में पार्टी के स्टार प्रचारक […]
और पढे..शक्ति प्रकाश श्रीवास्तव लोकसभा चुनाव की घोषणा के काफी पहले से ही चुनाव को लेकर अलग-अलग सियासी पार्टियां अपना सियासी एजेंडा सेट करने में लग गई थी। पिछले दिनों इस एजेंडे के चयन के दौरान एक ऐसे मुद्दे ने सुर्खियां बटोरनी शुरू कर दीं। जो इलेक्शन की दशा और दिशा दोनों ही बदलने का माद्दा […]
और पढे..शक्ति प्रकाश श्रीवास्तव जबसे लोकसभा चुनाव की दुदुंभी बजी है समाजवादी पार्टी को लगातार सियासी झटके मिल रहे हैं। कभी सहयोगी रहे सुभासपा तो कभी रालोद तो कभी अपना दल कमेरावादी जैसे सहयोगीयो के साथ छोड़ने के झटके तो कभी पार्टी में बने रहते हुए जनप्रतिनिधियों द्वारा राज्यसभा चुनाव विपक्षी को समर्थन देने जैसे झटके। […]
और पढे..शक्ति प्रकाश श्रीवास्तव पुरानी कहावत है कि मुंह से निकली बोली और बंदूक से निकली गोली कभी वापस नहीं होती। इसलिए मुंह से शब्द निकालते समय विचार अवश्य करना चाहिए। मौजूदा सियासी परिदृश्य के लिए भी यह पूरी तरह प्रासंगिक लगती है। ऐसे समय में जब लोकसभा चुनाव की दुदुंभी बज चुकी है इस सियासी […]
और पढे..शक्ति प्रकाश श्रीवास्तव कुछ दशकों पहले तक उत्तर प्रदेश और बिहार में सैम शब्द का खौफ था। इससे जुड़ी तिकड़ी का सामान्य जन में इतना भय था कि इनकी तूती बोलती थी। जरायम की दुनिया में किसी की हत्या से लेकर, बड़े ठेके सहित अत्याधुनिक हथियारों के जखीरे तक की उपलब्धि कराना इस तिकड़ी के […]
और पढे..शक्ति प्रकाश श्रीवास्तव उत्तर प्रदेश में योगी आदित्यनाथ की अगुवाई में 2017 में सरकार बनते ही प्रदेशभर के माफियाओं की नींद गायब हो गई। क्योंकि सख्त प्रशासक योगी आदित्यनाथ ने मुख्यमंत्री पद की शपथ लेते ही इस बात का स्पष्ट ऐलान कर दिया था कि अब प्रदेश में गुंडाराज नहीं चलेगा। उन्होंने प्रदेशभर में अपराध […]
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